डरते है आग से – याद शायरी

डरते है आग से कही जल न जाये,
डरते है ख्वाब से कहीं टूट न जाये,
लेकिन सबसे ज़्यादा डरते है आपसे,
कहीं आप हमें भूल न जाये।दुआ में याद रखना...

- याद शायरी

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दोस्तों ये यादें भी बहुत ही जालिम चीज़ होती है,कभी ये हंसाती हैं ख़ुशियों के पलों के साथ।कभी ये रुलाती हैं गम की बातो के साथ। - याद शायरी

गुज़रे वक़्त की यादें( एडमिन द्वारा दिनाँक 14-10-2015 को प्रस्तुत )सजा बन जाती है गुज़रे हुएवक़्त की यादें,न जाने क्यों छोड़ जाने के लिएज़िन्दगी में आते है लोग । - याद शायरी

याद आती है तो याद में खो लेते हैं,आँसू आँखों में उतर आयें तो रो लेते हैं,नींद तो नहीं आती आँखों में लेकिन,आप सपनों में आयेंगे इस लिए सो लेते हैं।मिसिंग यू - याद शायरी

फूलो की तरह हंसती रहो,कलियोँ की तरह मुस्कुराती रहो,खुदा से सिर्फ इतना मांगता हूँ,कि तुम मुझे हमेशा याद आती रहो । याद शायरी

अगर खता हो गयी तो फिर सज़ा सुना दो,दिल में इतना दर्द क्यूँ है वजह बता दो,देर हो गयी आपको याद करने में जरूर,लेकिन तुमको भुला देंगे ये ख्याल मिटा दो। याद शायरी

सजा बन जाती है गुज़रे हुएवक़्त की यादें,न जाने क्यों छोड़ जाने के लिएज़िन्दगी में आते है लोग । याद शायरी

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